नईदुनिया प्रतिनिधि,जबलपुर। कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने के विरोध में मंगलवार को भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआइ) ने उग्र प्रदर्शन किया।
हालात नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज
प्रदर्शन के दौरान रानीताल चौक पर पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प हो गई, जिसके बाद हालात नियंत्रित करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज और वाटर कैनन का सहारा लेना पड़ा।
बैरिकेड हटाकर आगे बढ़ने की कोशिश
प्रदर्शनकारी रानीताल चौक से भाजपा कार्यालय की ओर बढ़ रहे थे। इस दौरान पुलिस ने बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोकने का प्रयास किया। कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड हटाकर आगे बढ़ने की कोशिश की, जिससे पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो गई। देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
कार्रवाई के बाद भगदड़ की स्थिति
पुलिस द्वारा पहले समझाइश दी गई, लेकिन प्रदर्शनकारी नहीं माने। इसके बाद भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन चलाया गया और लाठियां भांजी गईं। पुलिस कार्रवाई के बाद मौके पर भगदड़ की स्थिति बन गई।
कुछ को पुलिस ने हिरासत में भी लिया
कई कार्यकर्ता इधर-उधर भागते नजर आए, जबकि कुछ को पुलिस ने हिरासत में भी लिया। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन कर विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है।
पारदर्शिता नहीं बरती तो आंदोलन तेज होगा
एनएसयूआइ नेताओं ने कहा कि राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार का नामांकन निरस्त किया जाना लोकतांत्रिक मूल्यों और संवैधानिक संस्थाओं की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़ा करता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मामले में पारदर्शिता नहीं बरती गई तो प्रदेशभर में आंदोलन तेज किया जाएगा।
बड़ी संख्या में छात्र कार्यकर्ता शामिल रहे
प्रदर्शन में राष्ट्रीय सचिव करन तामसेतवार, प्रदेश उपाध्यक्ष अमित मिश्रा, रिजवान अली, नीलेश माहर, देवकी पटेल, अभिषेक पटेल, राहुल रजक, मो. एजाज, अभिनव मिश्रा, आयुष पहाड़िया, राहिल पाण्डेय, पुष्पेंद्र गौतम सहित बड़ी संख्या में छात्र कार्यकर्ता शामिल रहे।
यह भी पढ़ें- जबलपुर में एसपी कार्यालय में जनसुनवाई के दौरान YouTuber फर्जी पत्रकार से हाथापाई, FIR दर्ज
