जबलपुर में MPEB के रिटायर्ड अफसर से खुद को CRPF जवान बताकर सस्ता फर्नीचर बेचने के नाम पर 30,000 की ऑनलाइन ठगी की गई। लार्डगंज पुलिस मामले की जांच कर र…और पढ़ें

HighLights
- जबलपुर के लार्डगंज थाना क्षेत्र में SE सुधीर खरे के साथ 30,000 की ऑनलाइन ठगी हुई
- आरोपी ने खुद को CRPF जवान बताया और जम्मू-कश्मीर तबादला होने का झांसा दिया
- आरोपी ने ट्रान्सफर देकर 70,000 में फर्नीचर बेचने के नाम पर एडवांस पैसे ऐंठ लिए
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। शहर के लार्डगंज थाना क्षेत्र में ऑनलाइन ठगों ने एक बार फिर सेना/पैरामिलिट्री का नाम इस्तेमाल कर एक बुजुर्ग को अपना शिकार बनाया है। MPEB से रिटायर्ड अधीक्षण अभियंता (SE) को फर्नीचर बेचने के नाम पर झांसे में लेकर आरोपी ने 30 हजार रुपए ऐंठ लिए। शिकायत के बाद लार्डगंज पुलिस ने अज्ञात जालसाज के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
तबादले का झांसा देकर भेजा फर्नीचर का फोटो
यादव कॉलोनी निवासी 64 वर्षीय सुधीर खरे MPEB से सेवानिवृत्त हैं। 25 जुलाई की शाम उनके पास एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को CRPF (केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल) का जवान बताया। उसने कहा कि उसका तबादला जबलपुर से जम्मू-कश्मीर हो गया है और वह तीन महीने पहले खरीदा गया अपना नया फर्नीचर बेचना चाहता है।
जाली तस्वीरों के जरिए भरोसा जीतने के बाद, आरोपी और सुधीर खरे के बीच फर्नीचर का सौदा 70 हजार रुपए में तय हो गया।
एडवांस के नाम पर 30 हजार ऐंठे, इंश्योरेंस के बहाने फिर मांगे पैसे
आरोपी की बातों में आकर पीड़ित ने अपने परिचित के बैंक खाते के जरिए आरोपी के बताए खाते में 30 हजार रुपए एडवांस के तौर पर ट्रांसफर कर दिए। पैसे मिलते ही आरोपी का लालच बढ़ गया और उसने डिलीवरी/इंश्योरेंस के नाम पर 31,500 रुपए और भेजने की शर्त रख दी। लगातार पैसों की मांग होने पर सुधीर खरे को ठगी का अहसास हुआ। उन्होंने और पैसे देने से मना कर दिया और सीधे पुलिस स्टेशन पहुंचकर आपबीती सुनाई।
फिलहाल पुलिस मोबाइल नंबर और बैंक खातों की डिटेल्स के आधार पर शातिर ठग की लोकेशन और पहचान ट्रेस करने में जुट गई है।
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