जबलपुर में डॉक्टर का नंबर इंटरनेट पर खोजना दो लोगों को महंगा पड़ा। साइबर ठगों ने फर्जी डॉक्टर बनकर लिंक भेजे और मोबाइल मिररिंग कर 82,594 रुपये ठग लिए।

HighLights
- डॉक्टर का नंबर खोजते समय दोनों साइबर ठगों के जाल में फंसे।
- ठगों ने फर्जी डॉक्टर बनकर पीड़ितों को लिंक भेजे।
- लिंक क्लिक करते ही मोबाइल मिररिंग कर ली।
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। डॉक्टर का नंबर इंटरनेट पर सर्च करना दो लोगों को महंगा पड़ गया। साइबर ठगों ने डाक्टर बनकर दोनों को लिंक भेजा और उस पर क्लिक करवाकर मोबाइल की मिररिंग कर ली। इसके बाद दोनों के बैंक खातों से कुल 82 हजार 594 रुपये दूसरे खातों में ट्रांसफर कर दिए।
गोरखपुर थाना क्षेत्र के हाथीताल लक्ष्मी कॉलोनी निवासी सपना विश्वकर्मा (34) की बेटी की अस्वस्थ्य थी। डाक्टर का नंबर तलाशते हुए उन्हें इंटरनेट पर एक फोन नंबर मिला।
कॉल करने पर सामने वाले ने लिंक भेजकर जानकारी भरने को कहा। बाद में पांच रुपये आनलाइन जमा करने के लिए लिंक पर क्लिक कराया। कुछ दिन बाद बैंक बैलेंस देखने पर खाते से 32 हजार 595 रुपये गायब मिले।
लगभग 50 हजार रुपये का लगाया चूना
- वहीं, भेड़ाघाट थाना क्षेत्र निवासी कालूराम साहू (64) चर्म रोग विशेषज्ञ का नंबर इंटरनेट पर खोज रहे थे। उसमें मिले नंबर पर काल करने पर ठग ने अपाइंटमेंट के लिए लिंक भेजा। लिंक पर क्लिक करते ही उनके खाते से 49 हजार 999 रुपये दूसरे खाते में ट्रांसफर हो गए।
- कालूराम ने तुरंत नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। मामले में गोरखपुर और भेड़ाघाट पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
