आरोपियों ने विनोद को अपने साथ कार में घुमाया, उसे शराब पिलाई और जब वह नशे में बेसुध हो गया तो नदी में डुबोकर उसकी हत्या कर दी। …और पढ़ें

HighLights
- हत्या के बाद खुद बड़े भाई ने ही थाने में दर्ज कराई थी गुमशुदगी की रिपोर्ट।
- कार में घुमाया, फिर बेसुध होते ही दोस्तों के साथ मिलकर नदी में दिया धक्का।
- जमीन और संपत्ति के विवाद में भाई ने किया मर्डर, पांच अन्य आरोपी अब भी फरार।
नईदुनिया प्रतिनिधि, दतिया। ग्राम अजीतपुरा में संदिग्ध परिस्थितियों में नदी से मिले शव के मामले जिस भाई ने छोटे भाई की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, वही उसकी हत्या का मुख्य आरोपित निकला। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसके पांच साथी अब भी फरार हैं।
एएसपी सुनील शिवहरे ने बताया कि नदी में मिले विनोद यादव उर्फ खुशी यादव के शव के बारे में विवेचना में सामने आया कि मृतक का अजीतपुरा निवासी अपने भाई मनोज यादव के साथ जमीन और पारिवारिक संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था। मनोज ने अपने साथी करण यादव, राहुल यादव, रवि यादव, गुलशन यादव और आकाश दोहरे के साथ मिलकर हत्या की पूरी साजिश रची थी।
आरोपियों ने विनोद को अपने साथ कार में घुमाया, उसे शराब पिलाई और जब वह नशे में बेसुध हो गया तो नदी में डुबोकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद घटना को ऐसा रंग दिया गया कि युवक की मौत पानी डूबने से होना प्रतीत हो। पुलिस ने साक्ष्यों के आधार पर हत्या का मामला दर्ज कर मुख्य आरोपी मनोज यादव को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। अन्य आरोपी फरार हैं।
