नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। जिले के गढ़ा और मझौली थाना क्षेत्रों में धोखाधड़ी के दो अलग-अलग मामले सामने आए हैं। एक मामले में निवेश पर मोटे मुनाफे का लालच देकर लाखों रुपये ठग लिए गए, जबकि दूसरे मामले में फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से भूमि का नामांतरण और विक्रय करने का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने दोनों मामलों में अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सोशल मीडिया पर निवेश संबंधी विज्ञापन देखा था
गढ़ा थाना थाना क्षेत्र के छोटी बजरिया निवासी अखिलेश दत्त पड़रहा ने सोशल मीडिया पर निवेश संबंधी विज्ञापन देखा था। विज्ञापन पर दी गई जानकारी भरने के बाद एक व्यक्ति ने फोन कर 3.20 लाख रुपये निवेश करने पर तीन वर्षों तक प्रतिमाह 38 हजार रुपये लौटाने का आश्वासन दिया।
किस्त मांगने पर आरोपियों ने भुगतान से इन्कार किया
विश्वास में आकर उन्होंने दो अप्रैल को आरटीजीएस के माध्यम से राशि जमा कर दी। मई माह में किस्त की मांग करने पर आरोपियों ने भुगतान से इन्कार कर दिया और अतिरिक्त दो लाख रुपये जमा नहीं करने पर झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी।
प्रेमलाल लोधी एवं सुकरत लोधी के नाम पर दर्ज थी भूमि
मझौली थाना क्षेत्र में कटनी जिले के अमरगढ़ निवासी चंद्रिका प्रसाद लोधी ने आरोप लगाया कि मझौली खसरा नंबर 109 रकवा 0.283 हेक्टेयर भूमि जो कि प्रेमलाल लोधी एवं सुकरत लोधी के नाम पर दर्ज थी।
षड्यंत्रपूर्वक अपना एवं भाइयों का फर्जी नाम दर्ज कराया
राघवेंद्र राय ने पटवारी से मिलकर प्रेमलाल लोधी को पिता बताकर षड्यंत्रपूर्वक अपना एवं भाइयों का फर्जी नाम दर्ज कराया। बाद में भूमि का विक्रय कर दिया गया।
पांच लोगों के विरुद्ध धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया
प्रारंभिक जांच में आरोपों की पुष्टि होने पर आरोपी राघवेन्द्र उर्फ रघ्घु राय सहित पांच लोगों के विरुद्ध धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। अन्य आरोपियों में सुरेन्द्र पाल राय, मीना राय, आशा रानी, उषा रानी शामिल हैं।
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