नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। राज्य शासन की ओर से हाई कोर्ट के संज्ञान में लाया गया तथ्य, यह भी कहा गया कि अग्रिम जमानत 24 घंटे के भीतर यानी जल्दबाजी में दी गई, त्विषा की मौत के कुछ ही घंटों के भीतर गिरिबाला द्वारा प्रभावशाली लोगों और सीसीटीवी तकनीशियनों को फोन लगाने का बिंदु भी किया रेखांकित।

सोमवार को इसी बिंदु पर सुनवाई होगी
राज्य शासन की ओर से हाई कोर्ट के संज्ञान में कुछ महत्वपूर्ण तथ्य लाए गए हैं। कोर्ट को बताया गया है कि त्विषा की सास पूर्व जज गिरिबाला सिंह ने साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ करने की कोशिश की है। हाई कोर्ट ने इस सिलसिले में गिरिबाला को नोटिस जारी किया है। सोमवार को इसी बिंदु पर सुनवाई होगी।
अग्रिम जमानत निरस्त करने पर बल दे रहा
दरअसल, गिरिबाला सिंह को भोपाल की अदालत से अपराध दर्ज होने वाले दिन ही अग्रिम जमानत मिलने का त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा ने याचिका के जरिए विरोध किया है। साथ ही राज्य शासन भी इसी बिंदु पर आपत्ति दर्ज कराते हुए अग्रिम जमानत निरस्त करने पर बल दे रहा है।
सीसीटीवी तकनीशियनों को फोन किया गया
राज्य की ओर से साक्ष्यों से छेड़छाड़ के संदेह के आधार पर गिरिबाला की अग्रिम जमानत निरस्त करने की मांग की गई है। राज्य की ओर से सालिसिटर जनरल तुषार मेहता और महाधिवक्ता प्रशांत सिंह ने दलील दी कि त्विषा की मौत के कुछ ही घंटों के भीतर प्रभावशाली लोगों और सीसीटीवी तकनीशियनों को फोन किया गया।
सत्र न्यायालय ने 24 घंटे के भीतर अर्जी स्वीकार कर ली थी
यह भी कहा गया कि गिरिबाला को अग्रिम जमानत बहुत जल्दबाजी में दी गई थी। शव परीक्षण 13 मई को एम्स भोपाल में किया गया था और गिरिबाला ने अगले दिन अग्रिम जमानत के लिए आवेदन किया था। उन्होंने बताया कि सत्र न्यायालय ने 24 घंटे के भीतर अर्जी स्वीकार कर ली थी।
पीएम रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में कोर्ट में पेश की जाए
न्यायमूर्ति अवनींद्र कुमार सिंह ने निर्देशित किया कि पीएम रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में कोर्ट में पेश की जाए। इसके साथ ही कोर्ट ने त्विषा के ससुराल वालों को शव देने की मांग नामंजूर कर दी। पूर्व जज गिरिबाला सिंह को भोपाल की कोर्ट से मिली जमानत निरस्त कराने वरिष्ठ अधिवक्ता तुषार मेहता ने कोर्ट के सामने मजबूती से पक्ष रखा।
भोपाल की कोर्ट ने जमानत देने में बेहद जल्दबाजी की
उन्होंने दलील दी कि जमानत का दुरुपयोग कर गिरिबाला सिंह साक्ष्य नष्ट कर रही है। जमानत को एंजाय कर रही है। इसीलिए जमानत जल्द निरस्त होनी चाहिए। भोपाल की कोर्ट ने जमानत देने में बेहद जल्दबाजी की है।
एकलपीठ ने गिरिबाला सिंह को नोटिस जारी
नेशनल मीडिया में एक के बाद एक वीडियो चल रहे हैं। इसे लेकर न्यायमूर्ति अवनींद्र सिंह की एकलपीठ ने गिरिबाला सिंह को नोटिस जारी किया। मामले में अगली सोमवार 25 मई को 2.30 बजे से होगी।
नए सिरे से पोस्टमार्टम कराने की मांग स्वीकार
हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति अवनींद्र कुमार सिंह की एकलपीठ ने त्विषा के शव का दोबारा पोस्टमार्टम कराए जाने के आवेदन पर भी सुनवाई की। इस मामले में कोर्ट ने एम्स दिल्ली की एक्सपर्ट डॉक्टरों टीम से नए सिरे से पोस्टमार्टम कराने की मांग स्वीकार कर ली।
दोबारा पोस्टमार्टम के लिए पिता ने किया था आवेदन
बता दें कि त्विषा के पिता ने दोबारा पोस्टमार्टम के लिए आवेदन किया था। त्विषा का शव खराब हो रहा है, अत: कोर्ट ने व्यवस्था दी है कि एम्स दिल्ली की टीम भोपाल आकर अविलंब पोस्टमार्टम करेगी।
