मंगलवार को शहर में बादल छाए। दोपहर में बूंदाबांदी हुई और शाम के समय बादल छाए और वर्षा हुई। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक बुधवार को शहर में गरज-चमक के सा…और पढ़ें

HighLights
- दोपहर में बूंदाबांदी और शाम सात बजे बाद शहर में समय गरज-चमक के साथ वर्षा हुई
- शहरवासी दोपहर में जहां गर्मी से उमस से परेशान थे, वहीं शाम को हुई वर्षा से शहरवासियों को राहत मिली
- मौसम विज्ञानियों के मुताबिक एक ऊपरी हवा चक्रवात मध्य उत्तर बंगाल की खाड़ी पर बना हुआ है
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। शहर में मंगलवार को बादल छाए और दोपहर में बूंदाबांदी और शाम सात बजे बाद शहर में समय गरज-चमक के साथ वर्षा हुई। एयरपोर्ट स्थित वेदर स्टेशन पर रात 8.30 बजे तक 8.1 मिमी वर्षा दर्ज हुई। इंदौर में प्री मानसून सीजन में जून माह में अब तक 66.6 मिमी वर्षा दर्ज हुई। है।
मंगलवार को शहरवासी दोपहर में जहां गर्मी से उमस से परेशान थे। वहीं शाम को हुई वर्षा से शहरवासियों को राहत मिली। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक एक ऊपरी हवा चक्रवात मध्य उत्तर बंगाल की खाड़ी पर बना हुआ है। इसके अलावा ऊपरी हवा का चकव्रात उत्तरी गुजरात में 3.1 किलाेमीटर की ऊंचाई पर बना है। इनके प्रभाव से अभी इंदौर में अगले पांच दिन में शहर में गरज-चमक के साथ वर्षा होने की संभावना है।
अगले सप्ताह में मानसून के इंदौर आने की संभावना
वर्तमान में अरब सागर की ओर से दक्षिण पश्चिमी मानसून की शाखा मुंबई व छत्तीगढ़ तक आ चुकी हैं। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक मानसून की पश्चिमी शाखा आगामी दिनों में गुजरात को टच करेगी। ऐसे अगले दो दिन में मप्र में मानसून के प्रवेश करने की संभावना है।
इसके प्रभाव से प्रदेश में सिवनी व छिंदवाड़ा में पहले मानसून का प्रवेश होगा और यहां वर्षा शुरू होगी। इंदौर में इस बार मानसून की पूर्वी शाखा बंगाल की खाड़ी की ओर से प्रवेश करेगी। ऐसे में आगामी दिनों में वर्धा, रायपुर के बाद प्रदेश में बालाघाट में वर्षा का सिलसिला शुरु होगा। ऐसे में इंदौर में सप्ताह के अंत तक मानसून के प्रवेश की संभावना है।
