पहले इस फ्लाईओवर को जुलाई तक पूरा किया जाना था, अब इसके सितंबर तक तैयार होने की संभावना है। इसके बाद ही दोनों तरफ से वाहनों की आवाजाही पूरी तरह शुरू ह…और पढ़ें

HighLights
- इंदौर-खंडवा राजमार्ग की दिसंबर तक रखी है डेडलाइन, बरसात में काम होगा प्रभावित
- पहले तलाई क्षेत्र की सुरंग अगस्त तक तैयार होने की उम्मीद थी, लेकिन अब यह अक्टूबर तक पूरी होगी
- सुरंग के अंदर वाटरप्रूफिंग का काम चल रहा है, जिसे पूरा होने में करीब दो महीने लगेंगे
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। इंदौर-खंडवा-एदलाबाद राजमार्ग पर सफर करने वाले लोगों को सिमरोल फ्लाईओवर के लिए अभी कुछ समय और इंतजार करना पड़ेगा। पहले इस फ्लाईओवर को जुलाई तक पूरा किया जाना था, अब इसके सितंबर तक तैयार होने की संभावना है। इसके बाद ही दोनों तरफ से वाहनों की आवाजाही पूरी तरह शुरू हो सकेगी। फिलहाल निर्माण एजेंसी मेघा इंजीनियरिंग फ्लाइओवर के साथ-साथ सर्विस रोड की मरम्मत का काम भी तेजी से कर रही है।
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने निर्माण एजेंसी को करीब 50 दिनों में काम पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इसी वजह से काम की रफ्तार बढ़ा दी गई है। हालांकि बारिश के कारण कुछ काम प्रभावित हुआ है। सिमरोल फ्लाईओवर का करीब 20 प्रतिशत काम अभी बाकी है। यहां सड़क पर सीमेंट की एक और परत बिछाई जानी है। साथ ही आसपास की सर्विस रोड, चोरल और महू जाने वाले रास्तों की भी मरम्मत की जा रही है। सड़कों के गड्ढे भरने का काम चल रहा है ताकि लोगों को आवागमन में परेशानी न हो।
तीन फ्लाईओवर से निकलने लगे वाहन
इंदौर-खंडवा-एदलाबाद राजमार्ग करीब 216 किलोमीटर लंबा है। इस परियोजना को लगभग साढ़े तीन साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन चार साल से ज्यादा समय बीतने के बाद भी पूरा काम खत्म नहीं हो पाया है। इसके बावजूद राजमार्ग के कई हिस्सों में सुविधा बढ़ी है।तेजाजी नगर से दतोदा के बीच बने तीन चमेलीदेवी, चौखीढाणी और दतोदा फ्लाइओवर अब तैयार हो चुके हैं। इन पर वाहनों की आवाजाही भी शुरू हो गई है।
इन फ्लाईओवर के शुरू होने से इस मार्ग पर ट्रैफिक दबाव कम हुआ है और लोगों को पहले की तुलना में बेहतर सुविधा मिल रही है। इन जगहों पर अभी डिवाइडर बनाने और लाइटिंग के लिए पोल लगाने का काम बाकी है। मेघा इंजीनियरिंग के प्रोजेक्ट मैनेजर नागेश्वर राव के मुताबिक सिमरोल फ्लाईओवर की अंतिम समय सीमा सितंबर रखी गई है। बारिश के कारण काम की गति थोड़ी धीमी हुई है, लेकिन कोशिश है कि तय समय से पहले निर्माण पूरा कर लिया जाए। इसके बाद तेजाजी नगर से सिमरोल तक यातायात और बेहतर हो जाएगा। सड़क किनारों पर पौधारोपण और डिवाइडर का काम भी बारिश के मौसम में किया जाएगा।
अक्टूबर तक तैयार होगी पहली सुरंग
राजमार्ग पर तीन सुरंगों का निर्माण भी किया जा रहा है। पहले तलाई क्षेत्र की सुरंग अगस्त तक तैयार होने की उम्मीद थी, लेकिन अब यह अक्टूबर तक पूरी होगी। सुरंग के अंदर वाटरप्रूफिंग का काम चल रहा है, जिसे पूरा होने में करीब दो महीने लगेंगे। साथ ही वायडक्ट का काम भी तेज गति से चल रहा है। अधिकारियों के मुताबिक अगले साल जनवरी से फरवरी के बीच बाइग्राम और चोरल क्षेत्र की सुरंगों का काम भी शुरू होने की संभावना है। इन सभी कामों के पूरा होने के बाद इंदौर-खंडवा मार्ग पर यात्रा पहले से ज्यादा आसान और सुरक्षित हो सकेगी।
इंदौर-खंडवा राजमार्ग: बाईग्राम सुरंग से वाहनों को निकलने के लिए तीन महीने का करना होगा इंतजार
