आलीराजपुर में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नाम से फर्जी लेटरहेड बनाकर आयुष डॉक्टर के तबादले का आदेश जारी करने का मामला सामने आया है।

HighLights
- सीहोर निवासी मुकेश भोसले पुलिस के हत्थे चढ़ा
- सोंडवा के नवलसिंह से 15 हजार रुपये मिले
- विद्युत और स्कूल विभाग को भी फर्जी आदेश भेजे
नईदुनिया प्रतिनिधि, आलीराजपुर। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नाम से फर्जी लेटरहेड तैयार कर आयुष डॉक्टर के तबादले का आदेश जारी करने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। कोतवाली पुलिस ने प्रकरण की जांच के बाद सीहोर के श्यामपुरा निवासी मुकेश भोसले को गिरफ्तार किया है। उसके पास से मोबाइल और टैबलेट जब्त किए गए हैं।
21 जुलाई को सीएमएचओ को भेजा फर्जी आदेश
एसपी रघुवंश सिंह भदौरिया ने बताया कि 21 जुलाई को मुख्यमंत्री के नाम से तैयार फर्जी आदेश आलीराजपुर के सीएमएचओ डॉ. राजेश अतुलकर के व्हाट्सएप पर भेजा गया था। इसमें आयुष विभाग की डॉक्टर निर्मला निगवाल का उदयगढ़ से सोंडवा तबादला करने के निर्देश दिए गए थे। पत्र की भाषा और प्रारूप पर संदेह होने के बाद सीएमएचओ ने इसकी जांच कराई, जिसमें आदेश फर्जी पाया गया।
40 हजार रुपये में हुआ था सौदा
सीएमएचओ की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि आरोपित ने फर्जी आदेश तैयार करने के लिए मोबाइल और टैबलेट का इस्तेमाल किया था। आदेश में मुख्यमंत्री की तस्वीर के साथ मध्य प्रदेश शासन का आधिकारिक लोगो भी लगाया गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपित का सोंडवा के एक व्यक्ति से 40 हजार रुपये में सौदा हुआ था।
आलीराजपुर पुलिस की त्वरित कार्रवाई
SP रघुवंश सिंह के निर्देशन में माननीय मुख्यमंत्री के नाम से फर्जी डिजिटल स्थानांतरण पत्र बनाकर WhatsApp से गुमराह करने वाले आरोपी मुकेश भोसले को थाना कोतवाली पुलिस ने महज 24 घंटे में गिरफ्तार किया। @mohdept
@MPPoliceDeptt pic.twitter.com/lLaMoZkLyf
— SP Alirajpur (@sp_alirajpur) August 23, 2026
अन्य विभागों में भी भेजे आदेश
पुलिस को आरोपित के मोबाइल की जांच में सोंडवा साकड़ी के नवलसिंह से फोन-पे के जरिए 15 हजार रुपये के ट्रांजेक्शन की जानकारी मिली है। यह रकम सौदे की पहली किस्त बताई जा रही है। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपित ने विद्युत विभाग और स्कूल प्रशासन विभाग को भी मुख्यमंत्री के नाम से आदेश भेजे थे। इससे पुलिस की जांच का दायरा बढ़ गया है।
